कहने को तो प्राचीनतम विज्ञान खगोलशास्त्र है जिसे पढ़ना समझना और भरोसा करना अलग अलग स्तर पर लगभग असंभव ही जान पड़ता है. स्टीफन हॉकिन्स की इस पुस्तक A Brief History of Time को सरल हिन्दी भाषा में पढ़ने के बाद ही खगोल शास्त्र के विभिन्न आयामों को समझ पाना मुझ जैसे आम साधारण मानवी... Continue Reading →
Courage Of Young Lady
ये दुर्गा, दे डंडा! Blog No 457. महिला, उम्र 28 बरस,बारहवीं पास.तीन बच्चे दो लड़कियाँ एक छोटा सा बेटा.महिला टीबी रोग से पीड़ित.महिला का उपचार जारीऔरकमज़ोरी रहने की हमेशा की शिकायत. क्षय रोग चिकित्सालय में मरीज़ों में से एक परिदृश्य- पति की शिकायत कि घर का आधा काम मुझे करना पड़ता हैऔरबीमारी के कारण ये... Continue Reading →
Book review: Teere Teere Narmada
तीरे तीरे नर्मदा - पुस्तक समीक्षा मातृ-भाषा में लिखी पुस्तक को पढ़ना अपने आप में अत्यंत संतोष का विषय है और हिंदी में लिखी पुस्तक यदि यात्रा वृतांत स्वरूप में हो जो बहते जल के मूल तत्व की जीवनी जैसा प्रसंग प्रस्तुत करे तो पढ़ने का अनुभव सोने पे सुहागा जैसा दृश्य प्रस्तुत करता है.... Continue Reading →
Book Review: KGAKGG
Autobiography is an attractive read out as it showcases a life saga in most prolific way where a success story is filled with all phases of life like disappointments, hard-work, vision, discipline, success , escapes and somewhat humour as well.While going through the autobiographies like My experiments with truth by MK Gandhi, Autobiography of a... Continue Reading →
Ranthambore Fort
यूं तो रणथंभौर के विश्वप्रसिद्ध किले का राजा जयंत के द्वारा पांचवी सदी में निर्माण करना आरंभ किया गया था परंतु लगभग साढे चार सौ वर्ष तक निर्माण होते-होते वर्ष 944 में राजा हमीर देव सिंह चौहान के पूर्वजों द्वारा इस महल का निर्माण पूर्ण हुआ. राजा हमीर देव सिंह के पूर्व उनके पिता भी... Continue Reading →
Continue to querrel
पति पत्नी का संवाद आज से मैं आपसे नहीं लडूंगी!क्यों??क्युंकि आज आपका 60वां जन्मदिन जो है!अरे नहीं करो, ऐसा तुमसे ना हो पायेगा?प्रॉमिस, आज से नहीं लडूंगी!मुझसे नही लड़ेगी तो किससे लड़ेगी? सन्नाटा मैं बताता हूं. फिर तू घर में रिश्ते नाते में लड़ेगी जो मुझसे न लड़ी तो. क्युंकि लड़ने का जो सोफ्टवेयर है... Continue Reading →
Awarded
2 असमान स्तर के मित्रों का अद्भूत संवाद- मित्र- मुझे पुरस्कार चाहिए सुधि मित्र - कई संस्थाएं बांट रही है नहीं नही, वैसा नहीं ! याने ? याने पैसे देकर मिलने वाला पुरस्कार नहीं चाहिए! तो कौन सा चाहिए ! मेहनत वाला ? हां वह हो जाए तो वाह! तो मेहनत करो मिट्टी में !... Continue Reading →
RangPanchmi
विश्व की अनमोल धरोहर बनने की राह पर इंदौर की रंगपंचमी की गेर🦚💦🌈🌈🫧💫🥇🎭🎈 परमानंद का अनुभव कराता है रंगों की सामूहिक मस्ती का यह पर्व। समग्र समाज को तनाव से बाहर लाने का है अदभुत पर्व। 🔺डॉ. अनिल भदौरिया 🔺 किसी भी समाज का दर्पण होता है, पुरातन काल से चली आ रही उसकी परंपरा... Continue Reading →
Hospital Nuisance
अस्पताल का दृश्य : आपके इस सरकारी अस्पताल में डॉक्टर साहब सुविधा नाम की चीज नहीं है, स्टाफ आपका बदतमीज है, दवाइयां आपके यहां है नहीं…इसको ताला क्यों नहीं लगा देते हैं ! ( एक असंतुष्ट का उच्च स्वर में प्रलाप) सही कहा आपने, हम बहुत कम संसाधनों में काम कर रहे हैं हमारे पास... Continue Reading →
Good Deal
कितने का है यह एग्जॉस्ट फैन1050 कागारंटी वारंटी क्या है1 साल की वारंटी है मैं 1 साल और बढ़कर आपको दे दूंगामैं बोल भाव नहीं करूंगा पूरे 1050 दूंगा परंतु मुझे आफ्टर सेल सर्विस चाहिए ऑन साइट, पक्का बिल और जी एस टी कटा हुआ चाहियेजी हां हो जाएगा 2 मिनट में सौदा समाप्त
Threat Unlimited
प्रभुत्व का प्रभाव: पत्रकार:मैं एक राष्ट्रीय अखबार का संवाददाता हूं और आपके सरकारी दफ्तर में यह काम करना चाहता हूं !अधिकारी:डीटेल्स दे दीजिएपत्रकार:यह डिटेल्स है मैं अखबार में हूं .अधिकारी:वह बताने की जरूरत नहीं है अगर आपकी पात्रता है तो यह कार्य बिना अखबार में आपकी पोज़ीशन के विज्ञापन ही हो जाएगा आप बैठिए .... Continue Reading →
Angry yet not Unfriendly!
लघु संवाद -२ मित्रों का संवाद: क्या आप मुझसे नाराज हैं ? हां ! क्या कारण है ? मैं बताना उचित नहीं समझता ! क्यों? क्योंकि आप सदैव से मेरे प्रति सदाशय रहे हैं ! तो अब क्या हुआ ? मुझे कहीं असंतुष्टि है इसलिए मैं नाराज हूं ! तो कारण नहीं बताएंगे ? कारण... Continue Reading →
Government Experience
सरकारी नौकरी और प्रोफेशनल दृष्टिकोण: मेरी बंदूक का लाइसेंस रिन्यूअल में देरी क्यों हो रही है? आपकी लाइसेंस की जांच चल रही है. पुलिस वेरिफिकेशन के बाद ही लाइसेंस का नवीनीकरण किया जाएगा. आप मुझे परेशान कर रहे हैं! नहीं, कार्य की प्रक्रिया है जिसे अभी लागू किया गया है इसमें 10 से 15 दिन... Continue Reading →
Lottery, A Myth
लाटरी लग गयी…. भास्कर देव उपर चढ़ आये, तो आँखे मलते मैंने आँख खोली, हे प्रभु, फिर नया दिन, मर मर के जीना पड़ेगा, अधम है जीवन….कहते मैंने रिमोट से ए सी बंद किया और हवाई चप्पल तलाशते नित्यकर्म को अग्रसर हो गया. स्नानग्रह में भी विचार शुन्य न हो पाया की वित्त पोषण कैसे... Continue Reading →
Couldn’t Understand
…..कभी मैं समझा नहीं….. खेत खलिहान नयी खाद से रोपे ,भले भूमि बंजर हो हो जायेपशु गौधन कोई और पाले,दूध घी मेरा, कभी मैं समझा नहीं…..१ अच्छी सेहत को खा पी के बिगाड़ लिया,घर का भोजन भाये नहीं,फिर दवाई से करो उपचार,मेहनत होवे नहीं, कभी मैं समझा नहीं….२ सड़क के लाल संकेत पर मैं रुकता... Continue Reading →
Value Less
मोल-अनमोल(पति-पत्नी संवाद) पत्नी- अरे यह तो मैं हूं जो निभा रही हूं कोई और होती तो छोड़ जाती !पति- तो छोड़ ही दो तुम भी मुक्त!पत्नी-अरे ऐसे कैसे छोड़ दें ब्याह में ही ₹300000 खर्च किए थे वसूली तो हो जाए .पति -किस तरह करोगी वसूली?…और यहां तुम्हारा बस चले तो तुम तो मुझे कबाड़ी... Continue Reading →
Not My Fault
सदा अपनी…. गलती मेरी ?कैसा विज्ञान है !नहीं मानूंगा,ऐसा विधान है. बुद्धि राजी नहीं,गलती मेरी नहीं.भले राज्य जाये,सुधरना मुझे नहीं. अहं है पिता,गलती मानसपुत्र.महाभारत खेली,गवाएं सब सूत्र. गलती और दंडसाथ साथ चलते.गलती होते ही,दंड से सब बचते. धाराएं बनी सैकड़ों,ताकि सत्ता सुहागन रहे.मानस मन मलिन,नियम सदा तोड़ता रहे. गलती सदा विकारी,विवेक फेर देती.होते ही नकारने... Continue Reading →
Friends Always
प्रश्न -तुम्हारी अपने बचपन के दोस्तों से जो बहुत धनी और मशहूर हो गए हैं कैसे पट जाती है?कैसे कायम रखते हो? उत्तर-मित्रता पट इसलिए जाती है कि मैं निरापद हूं, मुझे उनके प्रति प्रतिद्वंदिता निरंक है! जब मैं उन्हें प्रतियोगिता ही नहीं देता,चाहे वह बुद्धि के स्तर पर हो या धन या स्टेटस हो... Continue Reading →
American Sniper
अमेरिकन स्नाइपर क्रिस काइल अमेरिका के सैन्य टुकड़ी नेवी सील के अचूक निशानेबाज पर यह फिल्म बनी है जिसे हालीवुड के मूर्धन्य चलचित्र निर्माता क्लिंट ईस्टवुड द्वारा सन 2014 में बनाया था क्रिस काइल की जीवनी पुस्तक अमेरिकन स्नाइपर जो 2012 में प्रकाशित हुई थी. 1974 में जन्मे क्रिस्टोफर काइल की इराक में युद्ध काल... Continue Reading →
Even Lie Works!
झूठ के पांव…. दरोगा जी ने डंडा फटकारा, सच बोलो!तुम्हारे आपसी झगडे से परेशान हो गया हूँ. हवालदार बंद करो इनको हवालात में. दो पडोसी, आदतन झगड़ालू, छोटी छोटी बातों पर. शहर के अविकसित क्षेत्र के रहवासी दोनों, देशी दारू पीकर जब तब उलझ पड़ते. जैसे तेरी मुर्गी मेरी तरफ कैसे आई या तुम्हारे घर... Continue Reading →