Wild flower

कहने को तो जंगल का फूल हूं,
उन्मुक्त यथा धरती की धूल हूं..
मानो तुम भी यह जंगल मेरा घर,
और जड़ों से जुड़ा मैं निर्मूल हूं..

मुझ फूल का घर, जंगल तुम्हारा,
जीवन एक सा मुझ में तुझ में…
उर्जा की बहती धारा मेरे घर,
ये जंगल या तुम्हारे घर मेरा जंगल…

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