Blessings

वरदान - मांगो वरदान, प्रकट हो भगवान बोल बैठे एक नास्तिक से. आश्चर्य में डूबे नास्तिक के नैन, हृदय, मस्तिष्क सब चुंधिया गए, विचार शून्य हो जैसे अंधकार में अंधे हो गए हो. ज्योतिपुंज से आलोकित निराकार ऊर्जा रूप में भगवान, नास्तिक की भाषा में फिर बोले… मांगो वरदान, अभक्त तो जैसे बस किंकर्तव्यविमूढ़ हो... Continue Reading →

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