सरकारी नौकरी और प्रोफेशनल दृष्टिकोण: मेरी बंदूक का लाइसेंस रिन्यूअल में देरी क्यों हो रही है? आपकी लाइसेंस की जांच चल रही है. पुलिस वेरिफिकेशन के बाद ही लाइसेंस का नवीनीकरण किया जाएगा. आप मुझे परेशान कर रहे हैं! नहीं, कार्य की प्रक्रिया है जिसे अभी लागू किया गया है इसमें 10 से 15 दिन... Continue Reading →
Wanna be a River.
नदी होना चाहता हूं गोमुख से छोटा उदगमपवित्र और पावनजीवन नद का निर्मलनदी का उत्तम उदभव कुछ इठलाती नटखटसमेटे सबको जातीबाहों को फैला लेतीसब को नहला जाती है दान पुण्य की हामीप्यासे की अनुपम दासीप्यासे का रंग ना देखतीसदियों से सेवा को प्यासी. समभाव से बहतीनिर्मल यह कामिनीप्राणों की रक्षा मेंप्रेम की यह दामिनी जीव... Continue Reading →
Greed Unlimited
पत्थर से भी मांगते…. भटकते हम,सदा कुछ पाने को.भूखे प्यासे,सदा कुछ भूलने को.कभी ये तो,कुछ वो बहुत, कोमिल जाये,तो भी नहीं रुकने को.संतोष नहीं,ये लालसा अविनाशी है.लगता कभी,क्या हम सब भुतिया हैं.?क्या होना,इसकी अंतहीन दौड़,सोचते सदा,क्या हम डरपोंक भी हैं.?डरते सदा,पत्थर से भी मांगते.पूछा सही,क्या हम वाकई धार्मिक हैं?.किसी भी कीमत,चाहूँ सफलता का हारमन विचारे,क्या... Continue Reading →
Remedy for Govt Hospitals
सरकारी अस्पतालों को समाज से उम्मीद भारतीय समाज की अर्वाचीन परंपरा रही है सहयोग करने की, फिर भले ही वह शारीरिक हो या आर्थिक ही क्यों ना रहा हो. प्राचीन काल में स्वास्थ्य सेवाओं का स्तर ओ.पी.डी. स्तर पर ही उपलब्ध रहता था तथा उस काल में युवावस्था में मौतों का प्रतिशत भी अत्यधिक रहा... Continue Reading →
God’s Own Stories
भगवान की कहानियां कथानक - डॉ अनिल भदौरिया(पृथ्वी नामक स्वर्ग की यात्रा पर ये देवांश)------------ अलौकिक और सर्वशक्तिमान भगवान खूब आनंदित रहते हैं परंतु कभी कभी मृत्युलोक की यात्रा को भी उपस्थित होते हैं और मानव को दर्शन भी देते हैं। यहां द्वैत और अद्वैत का प्रश्न त्याग दें तो ईश्वर के दर्शन का लोभ... Continue Reading →
Good Deed,Bad Deed
पुण्य प्रश्न, पाप प्रश्न पवित्र माह के आते ही एकाधिक सुधिजन अति कर्मकांडी होते जाते हैं. ईश्वर को मोहित करने को ये मलिन मन, अंतर्मन की यात्रा का बहिर्गमन करते हुए प्रकृति के शुभ आशीर्वाद रूपी फूल पत्ती पौधे पर कुछ यूं झूम जाते हैं जैसे पुष्प समर्पण से ही साकार या निराकार ईश्वर के... Continue Reading →
Early Cancer Detection by you Only!
Let’s Examine Our Own Body खुद पहचाने कैंसर को इस आधुनिक काल में समाज में और मानव की जीवन शैली में परिवर्तन होने के चलते जीवनशैली से प्रभावित होने वाले रोगों की संख्या में वृद्धि हुई है विज्ञान की तरक्की से बीमारियों को पहचान ले समय पर पकड़ने और औषधीय शल्य चिकित्सा उपागम से बड़ी... Continue Reading →
Blessings
वरदान - मांगो वरदान, प्रकट हो भगवान बोल बैठे एक नास्तिक से. आश्चर्य में डूबे नास्तिक के नैन, हृदय, मस्तिष्क सब चुंधिया गए, विचार शून्य हो जैसे अंधकार में अंधे हो गए हो. ज्योतिपुंज से आलोकित निराकार ऊर्जा रूप में भगवान, नास्तिक की भाषा में फिर बोले… मांगो वरदान, अभक्त तो जैसे बस किंकर्तव्यविमूढ़ हो... Continue Reading →