पढ़ा था कभी फीनिक्स नामक पक्षी अग्नि में जलकर राख हो जाता है और कुछ समय बाद पुनः राख से जीवित हो उठता है… सत्य हो कदाचित,
अपितु मानव जीवन में कई ऐसे दृष्टांत देखने सुनने को मिलते हैं परंतु यदि पूरा नगर जल जाए 300 से अधिक नागरिक 4000 से अधिक भवन मकान भी 150 वर्ष पूर्व जल जाए और पूरा नगर राख से पुनः जीवित हो जाए.. अपना ऊंचा माथा लेकर विश्व में रोशन करते अपना नाम तो यह कहानी बड़ी रोचक बन पड़ती है.
जी हां, मैं बात कर रहा हूं इस फिनिक्स शहर शिकागो की जो वर्ष 1871 की एक भवन के गौशला में लगी आग से नष्ट हो गया परंतु अगले 20 सालों में दृढ़ इच्छाशक्ति, अनुशासन और पक्के इरादे से उठ खड़ा हुआ और आज दूर दृष्टि का परिचायक बना हुआ है जो अपने अति व्यस्त विमानतल, एक विशालकाय मिशीगन झील और व्यवसाय की सरल सुविधाओं के साथ-साथ नयनाभिराम भवन अट्टालिकाओं से भरा पड़ा है जो न केवल दर्शनीय है, आश्चर्य पैदा करती हैं बल्कि 100 मंजिल की ऊंचाई की अटालिकाओं के सौंदर्य दर्शन में चक्कर खाकर गिर जाए ऐसा द्रश्य प्रस्तुत कर देती हैं.
शिकागो अमेरिका की सबसे जीवंत शहरों में से एक है. शिकागो नदी, मिलेनियम पार्क, शेड एक्वा पार्क, प्लेनेटोरियम, शेयर्स टॉवर्स के साथ-साथ साइंस व इंडस्ट्रियल म्यूजियम के लिए प्रसिद्द है. जहां हजारों की संख्या में बुजुर्ग बड़े जवान लड़के लड़कियों तथा परिवार समेत बच्चे प्रतिदिन उपस्थित होते हैं और ज्ञान अर्जन के साथ मुदित हो प्रसन्न होते हैं. 134 डॉलर प्रति व्यक्ति के सीजन टिकट द्वारा शिकागो के दर्शनीय स्थलों में से पांच पर यात्रा की जा सकती है. यह टिकट या सीजन पास 9 दिन के लिए वेध है इसके माध्यम से प्लेनेटोरियम की विहंगम और चमत्कृत करने वाली यात्रा के साथ-साथ ब्रह्माण्ड दर्शन के भी दो दर्शनीय शो भी सम्मिलित होते हैं. यह दर्शनीय शो आसमान के गर्भ में ब्रह्मांड, चंद्रमा, निहारिका विश्व मंगल की रोचक यात्रा एक कूपनुमा थिएटर में करते हैं जहां निपट अंधेरे में कार्यक्रम ब्लैक होल इत्यादि का आभासी प्रदर्शन लुभावना होने के साथ-साथ आश्चर्यचकित करने में भी सफल होता है. इसी प्लेनेटोरियम में पृथ्वी के वृताकार मॉडल प्रदर्शित है जो अपनी दूरी पर घूमते जाते हैं और आपको विस्मित किए बिना नहीं छोड़ते हैं. सौरमंडल में सूर्य पृथ्वी और चंद्रमा का एक साक्षात एवं वास्तविक चलित मॉडल दंग करने योग्य है जो वर्ष भर में पृथ्वी की माह अनुसार सूरज के चारों ओर अपने घूर्णन को प्रदर्शित करता है जिसमें पृथ्वी के चंद्रमा का घूर्णन चलित है.
प्लूटो नामक नवे ग्रह को क्यों क्षुद्र ग्रह माना गया इसके सुप्रदर्शन में आभासी दृश्य लीला से मस्तिष्क में स्पष्ट अवधारणा अंकित हो जाती है इसी प्लेनेटोरियम में चंद्रमा की व्याख्या के सत्र के पूर्व वाचक द्वारा चंद्रयान दो व चंद्रयान 3 की यात्रा के साथ जब भारत का उल्लेख किया जाता है तो गर्व की अनुभूति होती है.
इसी स्थान पर चंद्रमा से आए गए पत्थरों का प्रदर्शन भी किया गया है जिन्हें दर्शक छू भी सकते हैं और न जाने ऐसा प्रतीत होता है कि चंद्रमा की यात्रा हमने भी पूर्ण कर ली है चंद्रमा यात्रा के यात्री, रॉकेट चित्र, अपोलो यान इत्यादि का समुचित प्रदर्शन शिकागो के मिशिगन झील के किनारे स्थित इस प्लेनेटोरियम में मिलता है जो किसी दावत से कम नहीं है
समीप ही जॉन शेड के नाम से एक विशालकाय मछली घर उपस्थित है जहां बेलुगा व्हेल, सी लायन, डॉल्फिन के साथ-साथ दुनिया के कोने-कोने से लाई गई मछली, कछुए और अन्य सरीसृप प्रदर्शित है. इस शेड एक्वेरियम में माहौल इतना मनमोहक बनाया गया है कि देखते हुए मन ना भरे और समय कम पड़ जाए
नगर के टॉप व्यू का दर्शन करना हो तो यह विमान से ही संभव हो पता है सामान्यत, परंतु शिकागो के 105 मंजिला भवन शेयर्स टावर जिसे अब विलिस टावर नाम से जाना जाता है, की 103 मंजिल से शिकागो का चारों ओर से विहंगम दृश्य अवलोकन किया जा सकता है जो रोचक सिद्ध होता है. जब 103 मंजिल पर स्थित पारदर्शी कांच के ऊपर खड़े हो भू-तल के दिव्य दर्शन किए जाते हैं तो ऐसा प्रतीत होता है पैरों के नीचे की भूमि गायब हो गई है और आपकी 103 मंजिल की 4372 फीट की ऊंचाई से धरातल की यात्रा, मौत से मिलने को बस होने को ही है. स्टॉपवॉच लगाकर 90 सेकंड के इस धरती-छोड़ अनुभव को शब्द दे पाना संभव नहीं है जब आप नीचे देखें और कल्सपना की उड़ान पाएं की सड़क पर चल रही किसी कार के ऊपर आप गिरेंगे.
सियर्स टावर शिकागो की सबसे ऊंची अट्टालिका है जो शिकागो के राज्य इलिनॉय के साथ-साथ इंडियाना , विस्कंसिन तथा मिशिगन राज्य सीमा का भी दर्शन करा देती है यह असल में एक जीवनकाल एक अनुभव है जो दिन रात में अलग-अलग समय में अद्भुत आनंद प्रदान करता है
नदी को सहेजना कोई इन गोरों से सीखे जो किसी दौर में पूर्णतया प्रदूषित शिकागो नदी को पूर्ण शुद्ध एवं स्वच्छ जल राशि बनाकर एक निरंतर आय का स्रोत बना दिए हैं. आश्चर्य अवश्य होगा या पढ़कर की नदी से कैसे पैसा बनाया जा सकता है ? शिकागो नदी 216 किलोमीटर लंबी है जो मिशीगन लेक में मिलती है. पूरा शिकागो इसी नदी के दोनों और बसा है और अधिकतम सुंदर भवन भी इसी शिकागो नदी के दोनों और स्थापित हैं और इस जल राशि पर 75 मिनट के शिकागो रिवर टूर के आयोजन होते हैं जो क्रूज द्वारा कराए जाते हैं. रोचक कमेन्ट्री के माध्यम से इस व्यावसायिक नगर का इतिहास, विकास गाथा और आज की स्थिति का वृतांत श्रवण होने योग्य होने के साथ-साथ विस्मित करता है. प्रजातंत्र के साथ विकास को समग्र सहमति से स्वीकार करने का यह परिदृश्य एक सामान्य भारतीय को चमत्कृत कर देता है. 1933 में शिकागो के अतिवादी का पुलिस के द्वारा सीधे गोली मारकर मुक्ति देना एक विशेष संदेश देता है कि जो भाषा समझने में आए उसी भाषा में समझाया जाए
शिकागो की पहचान हैं, गगनचुंबी की अट्टालिकायें जो अपने विभिन्न आकारों के साथ-साथ भिन्न पैटर्न और अंगों और नवाचार के प्रयोगों से किसी भी व्यक्ति की पहली शिकागो यात्रा में तो दांतो तले उंगली दबाने को विवश कर देती है. 40 से अधिक मंजिली भवन के हर व्यवसायिक फ्लैट पर यदि बालकनी भी बनी हो तो या एक खतरनाक प्रयोग ही माना जाएगा परंतु इमारत के सौंदर्य में चार चांद तो लगेगी ही.
विभिन्न रंगों से आच्छादित कांच से बनी कुछ इमारते तो इतनी परावर्तनीय है कि आसमान का नीला रंग जैसे पूर्णतः भवन में उतर आया हो. विभिन्न आकार में बनी कुछ इमारतें प्रयोग की खातिर ही सही, नए नेवर बिफोर स्ट्रक्चर जैसे रचित की गई है. तिकोने आकर की एक इमारत दूध के भोज्जय पदार्थ, चीज के त्रिकोणीय कट की भांति प्रतीत होती है. आश्चर्यचकित करने वाला दृश्य तो लहर रूप में एक 75 मंजिला इमारत के तीन के सेट ने किया जो आश्चर्य के सागर में डूब जाने को विवश कर देता है. तीन दिशा से वक्राकार, चौकोर, तिकोनी, लहरनुमा, मशरूम रूप यानी छोटा आधार भव्य आकर या सैंडविच नुमा आकार के भवन देखते हुए आप सम्मोहित हुए बिना नहीं रह पाते हैं.
भवन के 15 मंजिल तक पर पार्किंग की सुविधा तो अजब गाथा है जहां प्रवेश पर तथा विकास पर किसी भी कर्मचारी के दर्शन नहीं होते हैं और सबका कारज ऑनलाइन होते हैं यानी झगड़े का कोई झंझट ही नहीं, बहस नहीं कि तेरे को देख लूंगा या तेरी वर्दी उतरवा दूंगा.अंदर पार्क करना है तो कार्ड से या निर्धारित एप्प पर भुगतान करो, सुविधा लो और रवानगी डालो. सब विनिमय वाइट याने ब्लैक धन कुछ नहीं.
भाई वह, कम से कम आम व्यक्ति के लिए तो नहीं दिखा
लोहे लकड़ी अल्युमिनियम सीमेंट और आर्किटेक्ट इंटीरियर से बने यह ऊंची इमारतें वास्तु कला और भवन निर्माण कला का अद्भुत द्रश्य प्रस्तुत करते हैं जो इस शिकागो नगर को दुनिया भर के प्रवासियों के लिए आकर्षण का केंद्र बनाते हैं. अमेरिका जाना हो तो दो दिन शिकागो को अवश्य देना बनता है. शिकागो का एक बड़ा आकर्षण है 1933 में स्थापित विज्ञान व उद्योग का म्यूजियम जो विशेष जिज्ञासियों के लिए जैसे हिमालय पर्वत है जहां विमान, पनडुब्बी, सिम्युलेटर, कोल माइन, रेल इंजन, वैज्ञानिक तूफान, पृथ्वी का घूर्णन, क्ले से विभिन्न आकृति बनाने की उपागम, पानी के जहाज, विशाल दो थिएटर पेरिस्कोप, साइकिल के विकास का प्रदर्शन किया गया है. बच्चों एवं युवाओं को इस म्यूजियम की यात्रा अधिक वैज्ञानिकों से न केवल साक्षात्कार कराती है बल्कि दिशा विशेष में करियर बनाते हुए बनाने हेतु प्रेरित भी करती है. चार मंजिला में फैले इस 7 एकड़ में विस्तारित इस म्यूजियम को एक दिन में पूरी तरह से देख पाना लगभग नामुमकिन है. आश्चर्य तो तब होता है जब आपको म्यूजियम यात्रा की सालाना सदस्यता का निमंत्रण दिया जाता है जिससे प्रतीत होता है या अमेरिकी प्रतिष्ठान आने वाली संततियों ओर सभ्यताओं के लिए कितना गंभीर है…

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